धनौरी वेटलैंड में जल कुंभी की सफाई को लेकर प्राधिकरण और वन विभाग में रार
(यमुना प्राधिकरण क्षेत्र में) ************ -राजेश बैरागी- यमुना एक्सप्रेस-वे औद्योगिक विकास प्राधिकरण (यीडा) क्षेत्र में धनौरी स्थित एकमात्र आर्द्र भूमि (वेटलैंड) एक बार फिर चर्चाओं में है। इस आर्द्र भूमि में भरे रहने वाले जल में अप्रत्याशित रूप से उगने वाली जल कुंभी को निकालने को लेकर यमुना प्राधिकरण और वन विभाग आमने-सामने आ गए हैं। प्राधिकरण के खर्चे पर पिछले दो वर्षों में वन विभाग द्वारा की गई जलकुंभी की सफाई से प्राधिकरण संतुष्ट नहीं है तो उधर वन विभाग का दावा है कि उसके द्वारा किया गया काम पर्यावरण की दृष्टि से एकदम सही है। दोनों के बीच पैदा हुए इस झगड़े को सुलझाने के लिए प्रसिद्ध पर्यावरणविद् और वैज्ञानिक डॉ फैयाज खुदसर को आमंत्रित किया गया है। गौतमबुद्धनगर जनपद के दनकौर कस्बे से सात आठ किलोमीटर दूर धनौरी वेटलैंड 112.89 हेक्टेयर में फैला हुआ है। प्राकृतिक रूप से यह भूमि वर्ष भर पानी से आच्छादित रहती है। यहां भरे रहने वाले पानी में स्वाभाविक रूप से जलकुंभी जन्म लेती है और काफी बड़े भाग को ढंक लेती है। पिछले कुछ वर्षों में यहां जलकुंभी का अप्रत्याशित उत्पादन हो रहा है जि...