केंद्रीय फार्मा सचिव ने दवाओं के उत्पादन और वितरण के मुद्दों की समीक्षा तथा दवा बनाने वाली कंपनियों का उत्पादन बढ़ाने के मुद्दे पर राज्य के औषधि नियंत्रकों के साथ बैठक की




Delhi

देश में कोविड-19 संक्रमण के मद्देनजर दवा कंपनियों में उत्पादन तथा चिकित्सा उपकरणों की उपलब्धता की समीक्षा के लिएफार्मास्युटिकल्स विभाग(डीओपी)के सचिव की अध्यक्षता में  आज 20 राज्यों / केंद्रशासित प्रदेशों के औ​षधि नियंत्रकों (एसडीसी) के साथ वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से एक बैठक आयोजित की गई।बैठक में राष्ट्रीय औषधि मूल्य निर्धारण प्राधिकरण (एनपीपीए) की अध्यक्ष तथा डीसीजी भी मौजूद थे।


डीओपी सचिव ने सभी राज्यों के एसडीसीके प्रयासों की सराहना की और उनसे अनुरोध किया कि वे नियमित संवाद स्थापित करते हुए स्थानीय प्रशासन और संबंधित अधिकारियों की मदद से विनिर्माण इकाइयों को सभी तरह की सहायता प्रदान करें ताकि दवाओं और चिकित्सा उपकरणों की देश में कोई कमी न हो। ।


कोविड-19 के उपचार प्रबंधन में आवश्यक दवाओं और चिकित्सा उपकरणों की उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए एसडीसी से अनुरोध किया गया। उनसे यह भी निवेदन किया गया कि वे दवाओं और चिकित्सा उपकरण बनाने वाली इकाइयों की पूरी क्षमता का उपयोग सुनिश्चित करें ताकि बिना किसी बाधा के पर्याप्त स्टॉक सभी स्तरों पर उपलब्ध कराया जा सके।


राज्य के औषधि नियंत्रकों ने भरोसा दिलाया कि वे देश में दवाओं और चिकित्सा उपकरणों की उपलब्धता  सुनिश्चित करने के लिए उत्पादन स्तर, कार्य बल की उपस्थिति और इनके लिए  लॉजिस्टिक्स सेवाओं को मजबूत बनाने के लिए कड़ी मेहनत कर रहे हैं।


डीपीओ सचिव ने एसडीसी को निम्नलिखित आदेश जारी किए:



  • पर्याप्त मात्रा में दवाएं उपलब्ध हो इसके लिए विनिर्माण इकाइयों का पूरी क्षमता के साथ काम करना सुनिश्चित करें,

  • लाजिस्टिक सेवाओं , कार्यबल की आवाजाही , दवाओं और उपकरणों के लिए सहायक इकाइयों से संबधित सभी समस्याओं के समाधान के लिए  संबंधित स्थानीय अधिकारियों के साथ समन्वय बढ़ाएं,

  • दवाओं और चिकित्सा उपकरणों की जमाखोरी और मूल्य वृद्धि की निगरानी की जाए और ऐसे मामलों में कार्रवाई सुनिश्चित की जाए ,

  • सभी राज्यों द्वारा दवाओं और उपकरणों की विनिर्माण इकाइयों की जानकारी सॉफ्ट कॉपी में तत्काल उपलब्ध कराई जाए,

  • हाइड्रोक्सीक्लोरोक्वाइन, एज़िथ्रोमाइसिन और पेरासिटामोल तैयार करने की प्रक्रिया की  निगरानी सभी राज्यों के औषधि नियंत्रकों द्वारा की जाएत​था,

  • स्वास्थ्य और परिवार कल्याण मंत्रालय द्वारा जारी की जाने वाली 55 + 97 आवश्यक दवाओं की नियमित आधार पर निगरानी की जाए और इससे संबधित आंकड़े उपलब्ध कराए जाएं।


इस ब्लॉग से लोकप्रिय पोस्ट

राष्ट्रीय विज्ञान दिवस: भारतीय विज्ञान की प्रगति का उत्सव

हल्के और मध्यम कोविड-19 संक्रमण के इलाज में कारगर है ‘आयुष-64’

आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग के लिए हुआ " श्रीमती माधुरी सक्सेना कंप्यूटर शिक्षण केंद्र" का उद्घाटन