प्रदेश में 16 साल बाद असली शराब माफ़िया युग की वापसी हुई :- गोपाल भार्गव
भोपाल। मध्यप्रदेश विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष श्री गोपाल भार्गव ने प्रदेश सरकार द्वारा 16 साल बाद आबकारी नीति में बदलाव कर जिलों की सभी दुकानें शराब कारोबारियों के समूह को देने की तैयारी को असली शराब माफ़िया युग की वापसी बताया है। उन्होंने कहा कि सरकार अभी तक चाय होटल खोमचे वालो को हटाकर माफ़िया बता रही थी। लेकिन 16 साल बाद पुरानी तर्ज पर शराब की दुकान पर एकाधिकार करा रहे है। इससे जिलों में छोटी पूंजी वाले ठेकेदार बाहर हो जाएंगे और पूरा जिला शराब माफियाओं के अधीन हो जाएगा। इस कदम से कमलनाथ सरकार का अब असली माफिया युग शुरू होगा।

 

*कांग्रेस ने मादक मुक्त की जगह "मादक युक्त" प्रदेश बना दिया* 

उन्होंने कहा कि कांग्रेस ने अपने वचन पत्र के बिंदु 42.1 में स्पष्ट लिखा था कि "मादक मुक्त मध्यप्रदेश" बनाएंगे। इसके विपरीत "मादक युक्त प्रदेश" बना दिया है। पिछले 1 साल में सरकार ने लगातार शराब माफियाओं ओर शराब को बढ़ावा देने के निर्णय लिए है। धार्मिक स्थलों पर अहाते खोलने का निर्णय हो या हर 5 किलोमीटर पर शराब की उपदुकाने खोलने का आदेश हो। अब तो छोटे व्यापारियों को खत्म कर 16 साल बाद जिलों में सभी शराब दुकानों को बड़े शराब कारोबारियों को सौपने की तैयारी कर शराब माफिया  को संरक्षण दे रही है।

 

*सरकार बताएं उसके लिए माफ़िया सरंक्षण जरूरी या जनता*

उन्होंने कहा कि कमलनाथ सरकार पैसे कमाने के लिए लोगों की जान से खिलवाड़ कर रही है। उन्होंने बताया कि नेशनल क्राइम रिकॉर्ड ब्यूरो का दावा है कि 75 प्रतिशत अपराध नशे में होते हैं। नशे में धुत लोगों का शिकार अधिकतर महिलाएं होती हैं। नेता प्रतिपक्ष श्री भार्गव ने प्रदेश सरकार से पूछा कि सरकार बताएं कि उनके लिए शराब माफ़िया संरक्षण जरूरी है या प्रदेश की जनता?